श्री गुरु रविदास विश्व महापीठ (भारत) के अंतर्गत स्थापित गौशाला भारतीय संस्कृति, करुणा और सेवा का प्रतीक है। यहाँ गौमाता की सेवा को सर्वोच्च धर्म मानते हुए उन्हें संपूर्ण श्रद्धा, स्नेह और सम्मान प्रदान किया जाता है।
👉 गौशाला में गोजातीयों के लिए स्वच्छ, सुरक्षित और प्राकृतिक वातावरण उपलब्ध कराया जाता है।
👉 बीमार एवं लावारिस गायों की देखभाल, उपचार और पोषण की विशेष व्यवस्था की जाती है।
👉 हरा चारा, पौष्टिक आहार और स्वच्छ जल की उपलब्धता सुनिश्चित की जाती है।
👉 गौमाता से प्राप्त दूध, गोबर और गौमूत्र का उपयोग समाजोपयोगी कार्यों और आयुर्वेदिक चिकित्सा में भी किया जाता है।

